भंडारी हॉस्पिटल: RMC पहुंची फाइल, अब जांच की भी होगी जांच!

जयपुर , 17 अप्रैल 2026(न्याय स्तंभ)। भंडारी हॉस्पिटल मामले में अब बड़ा मोड़ सामने आया है। अस्पताल के डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई की फाइल राजस्थान मेडिकल काउंसिल (RMC) तक पहुंच चुकी है। काउंसिल के रजिस्ट्रार गिरधर गोयल ने पुष्टि करते हुए बताया कि शिकायत उनके पास आ चुकी है और अब काउंसिल की मेंबर्स कमेटी पूरे मामले की जांच करेगी। उन्होंने साफ कहा कि अगर जांच में किसी भी प्रकार की अनियमितता पाई जाती है तो नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

लेकिन इस पूरे मामले में सबसे बड़ा सवाल यही है कि जब पहले ही ड्रग कंट्रोलर अजय फाटक की टीम भंडारी हॉस्पिटल पर छापा मारकर अमानक दवाइयों और इंजेक्शनों की पुष्टि कर चुकी है, और अपनी जांच रिपोर्ट RMC को लिखित में सौंप चुकी है, तो फिर दोबारा जांच का औचित्य क्या है?

क्या यह सिर्फ समय निकालने की प्रक्रिया है या फिर किसी को बचाने की कोशिश?
गौरतलब है कि ड्रग कंट्रोल विभाग की कार्रवाई को काफी समय बीत चुका है, लेकिन अब तक न तो अस्पताल पर कोई ठोस कार्रवाई हुई है और न ही संबंधित डॉक्टर के खिलाफ कोई कड़ा कदम उठाया गया है। यही वजह है कि पूरी प्रक्रिया पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

सूत्रों की मानें तो जांच रिपोर्ट में भी हेरफेर की आशंका जताई जा रही है। वहीं अस्पताल के अंदर से भी ऐसी बातें सामने आ रही हैं कि “कुछ नहीं होगा, भंडारी का बड़ा नाम है… सब जगह सेटिंग है… थोड़े दिन में मामला शांत हो जाएगा।”

हालांकि ये बातें सुनी-सुनाई हैं, जिन पर सीधे विश्वास नहीं किया जा सकता, लेकिन हालात और कार्रवाई की धीमी रफ्तार इन दावों को कहीं न कहीं मजबूती जरूर देती नजर आ रही है।

सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि मरीजों की जान से जुड़े इतने गंभीर मामले में भी यदि कार्रवाई टलती रहती है, तो यह पूरे सिस्टम की विश्वसनीयता पर सवाल खड़ा करता है।

“डॉक्टर को धरती का भगवान कहा जाता है, लेकिन जब वही भगवान मरीजों की जान के साथ खिलवाड़ करे, तो फिर न्याय ऊपर वाला ही करता है।”— यह कहना है एक वरिष्ठ नागरिक का, जो लंबे समय तक स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े रहे हैं।


अब निगाहें राजस्थान मेडिकल काउंसिल की जांच कमेटी पर टिकी हैं। क्या यह जांच सच्चाई सामने लाएगी या फिर यह मामला भी फाइलों में दब जाएगा? न्याय स्तंभ की पड़ताल जारी है…

Related Articles